Search
-
अल्लाह तआला को गाली देने का हुक्म
इस्लाम के अनुयायियों का इस बारे में कोर्इ मतभेद नहीं कि अल्लाह तआला को गाली देना (बुराई कहना) कुफ्र (अधर्म) है, और
21/03/2018 4435 -
क्या गैर शादीशुदा महिला के लिए अपनी तरफ से क़ुर्बानी करना जायज़ है
हर प्रकार की प्रशंसा और गुणगान केवल अल्लाह के लिए योग्य है। क़ुर्बानी सक्षम व्यक्ति के हक़ में चाहे पुरूष हो
11/10/2014 4396 -
क्या हज्ज करने के बाद मुसलमान के पापों की क्षमा सुनिश्चित है या कि वह चिंतित और डरता हुआ रहेगा?
तरह कि आपकी माँ ने आपको गुनाहों से खाली जन्म दिया था। हर प्रकार की प्रशंसा अल्लाह के लिए है कि मैंने हज्ज का
11/10/2014 4799 -
हज्ज अनिवार्य हुक़ूक़ जैसे कफफारात और क़र्ज़ को समाप्त नहीं करता है।
प्रश्न: अल्हमदुलिल्लाह पिछले वर्ष मुझे हज्ज के कर्तव्य को पूरा करने का अवसर मिला, और जैसाकि आप जानते हैं कि नबी
11/10/2014 4707 -
हर रात वित्र के बाद क़ुनूत की दुआ पढ़ने का क्या हुक्म है?
हर प्रकार की प्रशंसा और गुणगान केवल अल्लाह के लिए योग्य है। ''इस बारे में कोई आपत्ति की बात नहीं है। क़ुनूत की
31/08/2014 20456 -
जुमा के दिन की बधाई देने का क्या हुक्म है ?
जुमा के दिन की बधाई देने का क्या हुक्म है ? क्योंकि हमारे यहाँ अब जुमा के दिन यह रिवाज चल गया है कि मोबाइल से
31/08/2014 5091 -
कुफ्र और उसके भेद
मैं ने प्रश्न संख्या (12811) में पढ़ा है कि कुफ्र-अक्बर जो आदमी को धर्म से निष्कासित कर देता है, उस के कई भेद
19/05/2014 4648 -
अमल सालेह (सत्कर्म) की शर्तें
अल्लाह तआला बन्दे के अमल को कब स्वीकार करता है ? और अमल के अंदर किन शर्तों का पाया जाना चाहिए ताकि वह सालेह (नेक)
19/05/2014 4215 -
इसलाम में इबादत की शर्तें
इसलाम में सही इबादत की शर्तें क्या हैं ? हर प्रकार की प्रशंसा और गुणगान केवल अल्लाह के लिए योग्य
19/05/2014 261